Unki Galiyon Ki Hawa Har Dard Ki Dava Ban Gayi,
Doori Unse Meri Chaahat Ki Saza Ban Gayi,
उनकी गलियों की हवा हर दर्द की दवा बन गयी,
दूरी उनसे मेरी चाहत की सज़ा बन गयी,
जो जैसा है उसे वैसा ही स्वीकार करना चाहिए केवल किसी की अच्छाई की तरफ नहीं देखना चाहिए और जब आप ऐसा करेंगे तो फूटा हुआ घड़ा भी एक अच्छे घड़े से कीमती घड़ा बन जाएगा|